- 40° के पार तापमान, फिर भी नहीं थमी आस्था: महाकाल में रोज 1 लाख से ज्यादा श्रद्धालु; पहली बार महाकाल लोक में शुरू हुआ फोगिंग सिस्टम
- उज्जैन की 5 माह की बच्ची SMA-1 से जूझ रही: 15 करोड़ के इंजेक्शन के लिए जंग, सोनू सूद ने बढ़ाया हाथ; भोपाल एम्स में चल रहा इलाज
- 15 साल पहले खत्म हो चुकी थी लीज; हाईकोर्ट से स्टे हटते ही UDA का एक्शन, बेगमबाग में 5 मकान तोड़े; अब तक 30 से ज्यादा निर्माण हटाए जा चुके
- महाकाल मंदिर में तड़के भस्म आरती: स्वस्ति वाचन के बाद खुले पट, पंचामृत अभिषेक के बाद पुष्पों से दिव्य श्रृंगार
- सप्तसागर विकास को गति देने के निर्देश: निगम आयुक्त ने चार प्रमुख जलाशयों का किया निरीक्षण, गहरीकरण-सौंदर्यीकरण पर जोर
शहर में बुलेट से पटाखा फोड़ने का शौक पड़ा भारी: उज्जैन पुलिस की सख्त कार्रवाई, साइलेंसर के पास बिठाकर पूछी ‘आवाज़’ की सहनशीलता!
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
उज्जैन शहर में बुलेट की धमक और पटाखों जैसी आवाजें निकालने वाले मनचलों को पुलिस ने ऐसा सबक सिखाया, जो शायद ही वह कभी भूल पाएंगे। माधवनगर थाना पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत दो बुलेट चालकों को कोठी रोड इलाके से उस समय पकड़ा गया, जब वे अपने मोडिफाइड साइलेंसर वाली गाड़ियों से तेज धमाके जैसी आवाजें निकालकर राह चलते लोगों को डरा रहे थे और शहर की शांति भंग कर रहे थे।
ध्वनि प्रदूषण और अवैध वाहन संचालन के विरुद्ध पुलिस की ये कार्यवाही न केवल कड़ी थी, बल्कि बेहद अनोखी और चौंकाने वाली भी रही। पुलिस ने मौके पर ही दोनों बुलेट सवारों को पकड़ा और उन्हें उनकी भारी-भरकम गाड़ियों को खुद धक्का देकर थाने तक लाने के लिए मजबूर किया। यही नहीं, थाने पहुंचने के बाद पुलिस ने युवकों को उनकी ही बुलेट के मोडिफाइड साइलेंसर के पास बिठा दिया और जोर से एक्सीलेटर मारकर तेज आवाज निकाली। इसके बाद टीआई राकेश भारती ने युवकों से पूछा, “कहो, सहन हो रही है ये आवाज?” सवाल सुनकर युवक सन्न रह गए और अपनी गलती मान ली।
पुलिस की जांच में सामने आया कि इन दोनों बुलेट्स में गैरकानूनी रूप से मोडिफाइड साइलेंसर लगाए गए थे। साथ ही वाहन चालकों के पास न तो ड्राइविंग लाइसेंस था, न ही वाहन के पंजीयन या बीमा से संबंधित कोई वैध दस्तावेज। जब पुलिस ने जुर्माना भरने को कहा, तो इन युवकों ने अनिच्छा दिखाई, जिसके चलते मौके पर ही बुलेट जब्त कर ली गई और मोटर यान अधिनियम के तहत चालान की कार्रवाई की गई।
पुलिस ने न्यायालयीन पंचनामा बनाकर बुलेट में लगे साइलेंसर जब्त कर लिए। साथ ही युवकों को चेतावनी देकर छोड़ा गया। टीआई राकेश भारती ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उज्जैन शहर की शांति, कानून व्यवस्था और नागरिकों की सुरक्षा से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा। शहर में कोई भी इस प्रकार की हरकत करेगा तो उसके विरुद्ध कड़ी और प्रतीकात्मक कार्रवाई की जाएगी, जिससे दूसरों को भी सबक मिले।
उल्लेखनीय है कि बुलेट में मोडिफाइड साइलेंसर लगाकर तेज आवाज निकालना न केवल ध्वनि प्रदूषण फैलाता है, बल्कि सड़क पर चल रहे अन्य लोगों के लिए असुविधाजनक और भयावह साबित होता है। पुलिस की इस नायाब कार्रवाई को लेकर शहर में लोगों ने भी सराहना की और उम्मीद जताई कि आने वाले दिनों में इस तरह की उद्दंड हरकतें करने वालों के विरुद्ध इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।